नेपाल ने टी20 वर्ल्ड कप के मंच पर ऐसा प्रदर्शन किया कि उसने साबित कर दिया कि वह अब सिर्फ साझेदार टीम नहीं है. मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में पूर्व विश्व चैंपियन टीम इंग्लैंड के खिलाफ नेपाल जीत के बेहद करीब पहुंच गया था और अंतिम सीटी बजने तक मैच खुला रहा। नतीजा भले ही इंग्लैंड के पक्ष में रहा, लेकिन इस मैच की सबसे बड़ी कहानी रही नेपाल की बेखौफ क्रिकेट.
इंग्लैंड का नतीजा अच्छा रहा
टॉस के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड ने 20 ओवर में 7 विकेट पर 184 रन बनाए. कप्तान हैरी ब्रूक ने जिम्मेदारी लेते हुए 53 रनों की पारी खेली जबकि जैकब बेथेल ने भी 55 रन बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया. स्कोरबोर्ड को देखकर ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड आसानी से मैच जीत जाएगा, लेकिन नेपाल के इरादे कुछ और थे.
नेपाल ने बदला माहौल
185 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी नेपाल की टीम ने शुरू से ही आक्रामक सोच दिखाई. कप्तान रोहित पौडेल ने 39 रन बनाकर टीम को शानदार शुरुआत दी. कुशल भुर्टेल ने तेजी से 29 रन जोड़े, जबकि दीपेंद्र सिंह ऐरी की 44 रन की पारी ने इंग्लैंड के खेमे में खलबली मचा दी. स्टेडियम में नेपाल के प्रशंसक भी बड़ी संख्या में मौजूद थे.
आखिरी छोर पर टूटा सपना
मैच का सबसे रोमांचक पल आखिरी ओवर में आया, जब नेपाल को जीत के लिए सिर्फ 10 रन चाहिए थे. यहां इंग्लैंड के सैम कुरेन ने अपना अनुभव दिखाया और शानदार गेंदबाजी करते हुए सिर्फ 4 रन दिए. नेपाल की टीम 180 रन पर रुक गई और 4 रन से मैच हार गई. हालाँकि, इंग्लैंड ने जीत का जश्न मनाने के बजाय राहत की सांस ली।
दिग्गजों से तारीफ, डेल स्टेन से बड़ी बात
नेपाल के इस प्रदर्शन की हर तरफ सराहना हो रही है. युवराज सिंह ने कहा, “नेपाल टीम के प्रति मेरा गहरा सम्मान है। उन्होंने इंग्लैंड जैसी विशाल टीम के सामने घुटने नहीं टेके, वे आखिरी गेंद तक लड़ाई में डटे रहे और दिखाया कि साहस और आत्मविश्वास क्या कर सकता है। इसी तरह टीमें परिपक्व होती हैं और यहीं से भविष्य की चैंपियन बनती हैं। आज पूरा क्रिकेट जगत आपको देख रहा है।”
वहीं आर अश्विन ने उभरती टीमों में नेपाल को सबसे मजबूत बताया है. वहीं इरफ़ान पठान ने कहा, “परिणाम भले ही वांछित न रहा हो लेकिन दिशा बिल्कुल सही है. नेपाल ने साफ़ तौर पर दिखाया है कि उनकी टीम सही रास्ते पर है और इंग्लैंड जैसी शक्तिशाली टीम पर दबाव बनाना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है.”
इन सब पर सबसे खास प्रतिक्रिया थी डेल स्टेन की. जिन्होंने नेपाल को ट्रेनिंग देते हुए कहा कि यह टीम लगातार आगे बढ़ रही है.
अगली चुनौती वेस्टइंडीज़
नेपाल का मुकाबला अब 15 फरवरी को वेस्टइंडीज से होगा. इंग्लैंड के खिलाफ प्रदर्शन के बाद साफ है कि नेपाल इस मैच में भी किसी बड़े आश्चर्य से पीछे नहीं हटेगा.